आई मौत टल गई - श्री कैंची धाम | Aayi maut tal gayi -Shri Kainchi Dham नीम करोली बाबा की कृपा से पूरे विश्व के अनगिनत भक्तो के जीवन में चमत्कार हुवे और उनमें से बहुत के प्राणों की रक्षा भी स्वयं बाबा ने कि । इसी संदर्भ में आज हम आपको एक सत्य घटना बताने जा रहे है जिसे जानकर आपको ये पूर्ण विश्वास हो जाएगा कि महाराज जी अर्थात नीम करोली बाबा के लिए कुछ भी असंभव नहीं था । हेमदा का बड़ा पुत्र, रब्बू (रविन्द्र कुमार जोशी) तब जमशेदपुर में विजय मशीनरी (उषा सेल्स) में सेल्स - ब्रांच में था। सेल्स के सिलसिले में वह राँची गया था। अपने काम के बाद एक साझे की टैक्सी से वह जमशेदपुर वापिस आ रहा था। चाईबासा से काफी पहले टैक्सी का ब्रेक फेल हो गया और उस पहाड़ी ढाल वाली सड़क पर टैक्सी बिना ब्रेक -क्लच के ट्रोल के नीचे को दौड़ पड़ी - तेज, और तेज। स्थिति समझकर 21 - 22 वर्ष का रब्बू जोर से चिल्ला उठा, महाराज ! उसका इस तरह चिल्लाना था कि एक चौड़े मोड़ पर टैक्सी एकाएक घूमकर चक्कर लगाने लगी जबकि सरदार ड्राइवर उसे केवल मोड़ पर स्टीयरिंग घुमाकर नीचे जाती सड़क पर लाना चाहता था - नीचे खड्ड में गिरने से बच...
विष्णु सहस्रनाम स्तोत्रम Vishnu Sahasranamam Stotram ॐ नमो भगवते वासुदेवाय नमः प्रिय भक्तों, विष्णु सहस्रनाम भगवान श्री हरि विष्णु (नारायण) के एक हजार दिव्य नामों का पवित्र संग्रह है। महाभारत के अनुशासन पर्व में भीष्म पितामह द्वारा युधिष्ठिर को सुनाया गया यह स्तोत्र हिन्दू धर्म के सर्वाधिक प्रभावशाली एवं लोकप्रिय स्तोत्रों में से एक है। नियमित पाठ से मानसिक शांति, पापों का नाश, बृहस्पति ग्रह की शांति, सुख-समृद्धि और मोक्ष मार्ग खुलता है। श्रद्धा एवं शुद्ध भाव से किया गया पाठ ही सबसे बड़ा फल देता है। विष्णु सहस्रनाम पाठ के लाभ मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं यश, सुख, ऐश्वर्य, आरोग्य एवं सौभाग्य की प्राप्ति बिगड़े कार्यों में सफलता कुंडली में बृहस्पति के दुष्प्रभाव का शमन भौतिक एवं आध्यात्मिक उन्नति सभी ग्रहों एवं नक्षत्रों पर सकारात्मक प्रभाव पाठ के नियम पाठ से पहले स्नान कर पवित्र रहें सात्विक व्रत रखकर पाठ करें पीले वस्त्र धारण करें भगवान विष्णु की विधिवत पूजा क...