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Sankat se Mukti pane ke liye Hanuman ji ka Vishesh Mantra

हम सभी जानते है कि सनातन धर्म में संकट मोचन किसे कहा जाता है। त्रेतायुग से हनुमान जी को संकटमोचन की उपाधि प्रभु श्री राम ने दी थी क्योंकि श्री राम पर आए सबसे गंभीर संकट को दूर करने वाले श्री हनुमान जी महाराज ही थे।

Sankat Mochan Hanuman Mantra:

ॐ नमो हनुमते बजरंगबलीं मारुतिं प्रसन्न वदनाय ||
रामभक्त हनुमान बलशाली पूज्य हनुमान तुर्की ||
हनुमान् जय जय हनुमान् हनुमान् जय जय जयकार ||

|| मंत्र जाप विधि ||

 1 स्वच्छ और शुद्ध वस्त्र धारण करें: मंत्र जप शुरू करने से पहले, स्वास्थ्य और शुद्ध वस्त्र धारण करें।
 2 स्थान: एक शांति और स्वच्छ जगह पर बैठ जाएं।
 3 दीया जलाओ: एक दीया जलाओ और हनुमान जी की प्रतिमा के सामने रखें।
 4 मंत्र जाप: मंत्र को 108 बार, 11 माला या कम से कम 3 माला जाप करें।
 5 ध्यान: मंत्र जप करते समय, हनुमान जी पर ध्यान केन्द्रित करें और उनकी भक्ति में लीन हो जाएं।
 6 प्रसाद: मंत्र जप के बाद, हनुमान जी को प्रसाद चढ़ाएं।

|| मंत्र का महत्तव ||

 1. संकट निवारण: हनुमान जी को संकट मोचन माना जाता है। इसलिए, उनका मंत्र जाप करने से सभी प्रकार के संकट और परेशानियों से मुक्ति मिलती है।
 2. भय निवारण: हनुमान जी भय और डर करने में भी मदद करते हैं। उनका मंत्र जाप करने से आपका साहस और आत्मविश्वास मिलता है।
 3. बुद्धि वृद्धि: हनुमान जी बुद्धि और विवेक के देवता भी हैं। उनका मंत्र जाप करने से बुद्धि और स्मृति शक्ति में वृद्धि होती है।
 4. सिद्धि प्राप्त: हनुमान जी उन भक्तों की हर इच्छा पूरी करते हैं जो उनकी भक्ति में निष्ठा से लगे रहते हैं।

|| मंत्र जाप के नियम ||

 1. मंत्र जाप करते समय ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए।
 2. मंत्र जाप निशब्द और शांत वातावरण में करना चाहिए।
 3. मंत्र जाप करते समय माला या गणित का प्रयोग करना चाहिए।
 4. मंत्र जाप के बाद प्रसाद चढ़ाकर हनुमान जी की आरती करनी चाहिए।
नोट: मंत्र जाप एक शक्तिशाली साधना है, लेकिन इसका फायदा तभी मिलता है जब इसे पूरी निष्ठा और श्रद्धा से किया जाए।

उपरोक्त मंत्र के अलावा, आप निम्नलिखित हनुमान मंत्रों का भी जाप कर सकते हैं: 

1. ॐ हनुमते नमः 
2. ॐ श्री हनुमते नमः 
3. जय श्री राम जय जय हनुमान 
हनुमान साधना करने से व्यक्ति को भूत-पिशाचों से मुक्ति मिलती है। यह एक प्राचीन और प्रभावशाली उपाय है जो हनुमान जी की कृपा प्राप्त करने में मदद करता है। हनुमान जी को राम भक्त और भक्त शिरोमणि के नाम से सारा संसार पूजता है। इसलिए साधक को नित्य प्रति हनुमान चालीसा का पाठ करते हुवे इन दिव्य मंत्र का उच्चारण करना चाहिए।
सारांश स्वरूप आप सभी इतना समझ लीजिए की तरीका कोई भी हो बस हनुमान जी को प्रसन्न करने का सबसे सरलतम उपाय प्रभुबारी राम का नाम जप है। अगर आपको मंत्र जाप नही भी आता तो भी आप श्री राम के नाम का सुमिरन करके हनुमान जी महाराज को प्रसन्न कर उनकी कृपा का पत्र बन सकते है।
प्रत्येक कष्ट को हरने वाले संकटमोचन हनुमान ही हम सबके दुख भंजन है। 
मुझे आशा है कि इस महत्पूर्ण जानकारी से आप सभी को मदद मिलेगी!

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